ISO 9001:2015

INTERNATIONAL JOURNAL OF EDUCATION, MODERN MANAGEMENT, APPLIED SCIENCE & SOCIAL SCIENCE (IJEMMASSS) [ Vol. 7 | No. 1 (II) | January - March, 2025 ]

जयपुर जिले में सड़क परिवहन विकास एवं सामाजिक परिवर्तन

विकास मीणा एवं प्रो. धर्मेन्द्र सिंह चौहान (Vikas Meena & Prof. Dharmendra Singh Chouhan)

जयपुर, राजस्थान की राजधानी होने के साथ-साथ एक प्रमुख सांस्कृतिक, आर्थिक और प्रशासनिक केंद्र भी है। हाल के वर्षों में जिले में सड़क परिवहन के क्षेत्र में तेज़ी से विकास हुआ है। यह विकास न केवल यातायात व्यवस्था को बेहतर बना रहा है, बल्कि सामाजिक और आर्थिक स्तर पर भी गहरा प्रभाव डाल रहा है। जयपुर में सड़क परिवहन विकास के लिए राजस्थान राज्य सड़क परिवहन निगम ( त्ैत्ज्ब्) की स्थापना की गई थी. यह निगम, राजस्थान में इंटरसिटी बस परिवहन का सबसे बड़ा प्रदाता है. सड़क परिवहन अधिनियम, 1950 के तहत 1 अक्टूबर, 1964 को राजस्थान सरकार ने त्ैत्ज्ब् की स्थापना की थी. त्ैत्ज्ब् ने साधारण, एक्सप्रेस, डीलक्स, एhttps://updes.up.nic.in/सी गांधी रथ, एhttps://updes.up.nic.in/सी स्लीपर, वोल्वो-मर्सिडीज़ सेवाएं शामिल की हैं। जयपुर जिले में राष्ट्रीय राजमार्ग, राज्य राजमार्ग, ग्रामीण सड़कों और रिंग रोड जैसे कई प्रकार की सड़कों का जाल फैला हुआ है। आधुनिक निर्माण तकनीकों के साथ-साथ स्मार्ट सिटी परियोजनाओं के अंतर्गत भी सड़कों का कायाकल्प हो रहा है। जयपुर मेट्रो, लो फ्लोर बसें, बीआरटीएस ( ठत्ज्ै) कॉरिडोर जैसी योजनाएं लोगों को सस्ती, सुरक्षित और तेज़ परिवहन सुविधा प्रदान कर रही हैं।
शब्दकोशः सड़क नेटवर्क, राष्ट्रीय राजमार्ग, ग्रामीण सड़क योजना, सार्वजनिक परिवहन, प्रदूषण नियंत्रण।
 


DOI:

Article DOI:

DOI URL:


Download Full Paper:

Download